अंतिम न्याय

अंतिम न्याय, जिसे अन्यथा ‘अंतिम न्याय का श्‍वेत सिंहासन’ के रूप में जाना जाता है, उस समय सभी लोग देखेंगे और समझेंगे कि कुछ लोग “आग की झील” में क्यों डाले जाएंगे। “आग की झील” क्या है? “गेहन्ना” के रूप में भी जाना जाता है, एक वास्तविक और जागरूक जगह है। यह न्याय किस पर आधारित है? क्या न्याय के …

पुरस्कारों का निर्णय

बाइबल विश्वासियों के लिए न्याय की बात करती है, जिसे “मसीह के न्याय का सिंहासन” भी कहा जाता है, यहाँ परमेश्वर सच्चे विश्वासियों का पृथ्वी पर उनके द्वारा किए गए कार्यों के लिए पुरस्कृत करता है, चाहे वह कार्य अच्छे हो या बुरे। मसीह के न्याय का सिंहासन हमारे कामों को कैसे आंका जाएगा? बाइबल अक्सर पुरस्कारों के रूप में …

निर्णय की प्रक्रिया

निर्णय एक छाटने की प्रक्रिया है। न्यायाधीश के लिए यूनानी शब्द “क्रिनो” है, जिसका अर्थ है, “अलग करना या अंतर करना, जाँच करना, दण्ड देना और निर्णय लेना”। परमेश्वर लोगों को यीशु के प्रति उनकी प्रतिक्रिया के आधार पर उनकी परीक्षा लेगा और निर्णय लेकर अलग करेगा। पुराने नियम मे निर्णय का चित्र क्या हुआ जब लोग उतावले हो गए …

विश्वासियों का पुनरुत्थान

विश्वासियों के पुनरुत्थान का जो पहला उदाहरण हम देखते हैं, उनमें से एक यह है कि मूसा और एलियाह यीशु, पतरस, याकूब और यूहन्ना के सामने शानदार वैभव में दिखाई देते हैं। जब मूसा और एलियाह ने यीशु से उसके प्रस्थान के बारे में बात की, यीशु शिष्यों की आंखों के सामने रूपांतरित हो गए।मूसा और एलियाह ने स्पष्ट रूप …

क्या होता है जब लोग मर जाते हैं?

मृत्यु मनुष्य की आत्मा या आत्मा को उसके शरीर से अलग करना है। इसके लिए यूनानी शब्द ‘थानोस’ है, जिसका अर्थ है “मनुष्य के सांसारिक अस्तित्व की समाप्ति।” बाइबल सिखाती है कि मनुष्य की आत्मा को जाने के लिए दो संभावित स्थान हैं, नरक या स्वर्ग। मनुष्य एक से दूसरे में आगे-पीछे नहीं जा सकता। यह मंजिल सर्वकाल के लिए …

यीशु की मृत्यु और पुनरुत्थान

यीशु का पुनरुत्थान उनके भौतिक शरीर का परिवर्तन और महिमा है। यूनानी शब्द “अनास्तासिया” है, जिसका अर्थ है खड़े होना या उठना। पवित्र शाश्त्र में दर्ज यीशु के पुनरुत्थान के कई अचूक प्रमाण हैं। क्या यीशु सचमुच मर गया? कई धार्मिक और राजनीतिक उद्देश्यों ने यहूदियों और रोमन गवर्नर, पोंटियस पीलातुस को यीशु को मारने और यह सुनिश्चित करने के …

हाँथ रखना: भाग 2

जब हम लोगों पर हाथ रखते हैं, तो हमारे हाथ बिजली के तार की तरह हो जाते हैं जिन्हें परमेश्वर में लगाया गया है। हम परमेश्वर के कुछ काम लोगों पर कर रहे हैं। क्योंकि हाथों का रखना बाहर की ओर केंद्रित होता है और अगली पीढ़ी के निर्माण की ओर काम करता है, इसलिए परमेश्वर से जुड़े रहना महत्वपूर्ण …

हाँथ रखना: भाग 1

पुराने नियम में, हाथ रखना एक सांस्कृतिक अभ्यास था जो शक्ति या अपराध के तबादले, आशीष, विरासत, सम्मान, अधिकार और नेतृत्व को दर्शाता है। नए नियम में, हाथ रखना प्रकटीकरण का एक तरीका, पहचान, पुष्टि,आशीष की सेवकाई और सेवकाई की शुरुवात करने को दर्शाता है। २ भागों का यह अध्ययन प्रकटीकरण के आठ क्षेत्रों को देखेगा। प्रभाव क्षेत्र: 1. पाप …

पवित्र आत्मा में बपतिस्मा

किसी को पवित्र आत्मा से भरे जाने का मुख्य प्रमाण किसी तरह से सेवकाई के लिए शक्ति का प्रदर्शन है। इसमें अन्य भाषा में बोलना, भविष्यवाणी करना, स्तुति करना, प्रचार करना, घोषणा करना या साहसपूर्वक बोलना शामिल है। पवित्र आत्मा से भरा रहना एक अनुभव है जो निरंतर है। यह एक जीवन शैली है! पिता हमें अपनी पवित्र आत्मा से …

जल बपतिस्मा

जब हम बाइबिल के वचनों को देखते हैं, तो हम जान जातें हैं कि यीशु में पश्चाताप और विश्वास के द्वारा ही किसी व्यक्ति का उद्धार होता है, और जल बपतिस्मा यीशु मसीह में हमारे नए विश्वास की एक सार्वजनिक घोषणा है, जो उद्धार के बाद का पहला कदम है। नए नियम में, बपतिस्मा के लिए ग्रीक शब्द रोज़ाना इस्तेमाल …