आनंद

हमेशा आनन्‍दित रहो!

आनंद परमेश्वर को जानने से आता है, हमारे लिए उसका प्यार, और उसका उद्धार को जानने से। यह ऊपरी भावना नहीं है जो हमारी परिस्थितियों पर निर्भर करता है। परमेश्‍वर चाहता है कि हमें हर समय पूर्ण अनानंद मे रहे। हम ऐसा तब कर सकते हैं जब हम परमेश्वर की सच्चाई को पकड़े रहते हैं और उसमे आनंदित रहते हैं।

आनन्द क्या है?

1 थिस्‍सलुनीकियों 5:16 कहता हैं, “सदा आनंदित रहो”।

आनंदित रहना कुश रहने से अलग कैसे है?

किस तरह से आनंद एक भावना से अधिक है?

आपके विचार मे किन तरीकों से आनंदित रहना हमें मज़बूत बनाए रखती है?

क्या कठिन समय में आनंदित होना संभव है? कैसे?

हमें कठिन समय में क्यों आनंदित होना चाहिए?

बढ़ता हुआ आनंद

इन वचनो के अनुसार, हम अपना आनन्द कैसे बढ़ा सकते हैं?

दोस्त से पूछें

  • कठिन समय में अनादित रहने ने आपकी मदद कैसे की?
  • क्या आपके पास अनादित रहने के विषय मे कोई अन्य प्रश्न हैं?

आवेदन

  • अनादित रहने कि बेहतर समझ आपके जीवन में कैसे मदद कर सकती है?
  • प्रतिदिन अनादित रहने मे आपके जीवन मे क्या रुकावटे आती है?
  • इस सप्ताह आप क्या कर सकते हैं कि आप आनंद मे बने रहें और अपने जीवन में आनंद को बढ़ाएं।

मॉडल प्रार्थना

प्रभु यीशु, मैं आपको धन्यवाद देता हूं कि आप चाहते हैं कि मैं आनंद मे बना रहूं, और मैं आपको धन्यवाद देता हूं कि आपके द्वारा, मैं इसे जीवन कि हर परिस्तिथि में पा सकता हूं। मुझे बचाने के लिए आपका धन्यवाद और आप हमेशा मेरे साथ हैं।

प्रमुख पध